36.9 C
Raipur
Thursday, April 3, 2025

युवा CMA के लिए आयोजित प्रे-प्लेसमेंट ओरिएटनाशन प्रोग्राम का समापन, ICMAI और BIT दुर्ग के बीच MOU का रास्ता तैयार…

BHILAI-DURG. न्यूजअप इंडिया.कॉम
12 दिवसीय प्रे-प्लेसमेंट ओरिएटनाशन प्रोग्राम का समापन भिलाई इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी, दुर्ग के सभागार में संपन्न हुआ। इस अवसर पर प्रतिभागी युवा CMA , उनके माता पिता, देशभर के प्रैक्टिसिंग CMA एवं प्रोफेसरगन उपस्थित थे। पूर्व में यह कार्यक्रम मुंबई में होता था। यह पहला अवसर है कि यह कार्यक्रम छत्तीसगढ़ में संपन्न हुआ। कार्यक्रम के अध्यक्ष ICMAI -WIRC के चेयरमैन CMA अरिंदम गोस्वामी ने कहा कि अपने देश में नौकरियों की कमी नहीं है। कमी है तो कौशल की। हमने 22 सेशन में 44 युवा CMA को विभिन्न विषय – विशेषज्ञ के द्वारा तराशने का कार्य किया है। अब ये युवा उद्योग जगत के लिए पूरी तरह तैयार हैं।

BIT दुर्ग के प्राचार्य डॉक्टर अरुण अरोरा ने देशभर से आये युवा CMA को शुभकामना देते हुए कहा कि BIT दुर्ग छात्रों के हिट में कार्य करता है। भविष्य में भी इस तरह के कार्यक्रम के लिए तैयार है, जिससे युवाओं का सर्वांगिण विकास हो पाए। श्री अरोरा ने अपने कॉलेज के प्रोफेसरगण को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि युवा CMA का सेशन लेकर विकसित भारत 2047 में अपनी सहभागिता दी है। कार्यक्रम का समन्वय CMA सुषमा सिंह और BIT दुर्ग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. सुनील कुमार ने किया, जबकि इसका नेतृत्व प्रबंधन विभाग के प्रमुख डॉ. सत्यवर्धन तिवारी ने किया। कार्यक्रम में ICMAI-WIRC के चेयरमैन CMA अरिंदम गोस्वामी, CMA (डॉ.) संतोष राय (डायरेक्टर, प्रोफेशनल करियर एंड कंप्यूटर्स) और CMA श्रीनिवासन गणेशन (पूर्व निदेशक वित्त, साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड) ने छात्रों को प्रेरित किया और उनके उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने छात्रों को उद्योग में उत्कृष्टता प्राप्त करने और पेशेवर क्षेत्र में अपनी पहचान बनाने के लिए मार्गदर्शन भी दिया।

यह ओरिएंटेशन प्रोग्राम वित्तीय, तकनीकी और सॉफ्ट स्किल्स पर विशेषज्ञों द्वारा संचालित सत्रों की एक विस्तृत श्रृंखला प्रस्तुत करता है, जो CMAs के लिए आवश्यक हैं।
दिन-वार मुख्य बिंदु और CMAs के लिए महत्व:
दिन 1 (17 मार्च 2025): कार्यक्रम का उद्घाटन CMA अरिंदम गोस्वामी ने किया, जिन्होंने नैतिकता, पेशेवर अखंडता और CMAs के लिए नियामक ढांचे पर जोर दिया। कोड ऑफ एथिक्स और कॉरपोरेट मामलों के मंत्रालय (MCA) के दिशानिर्देशों की समझ पेशेवर विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए आवश्यक है। डॉ. सौरभ तोमर ने वित्तीय मॉडलिंग, स्टॉक मार्केट और डेरिवेटिव्स पर जानकारी दी, जो निवेश निर्णय लेने और वित्तीय नियोजन के लिए आवश्यक है।
दिन 2 (18 मार्च 2025): डॉ. मित्तू एस ने लिखित और मौखिक संचार कौशल पर चर्चा की, जो CMAs के लिए रिपोर्ट तैयार करने, प्रस्तुतियों और हितधारकों के साथ बातचीत में महत्वपूर्ण हैं। डॉ. उर्वशी श्रीवास्तव ने साक्षात्कार कौशल और व्यावसायिक शिष्टाचार पर मार्गदर्शन दिया, जिससे युवा CMAs को नौकरी में सफलता प्राप्त करने में मदद मिलेगी।
दिन 3 (19 मार्च 2025): डॉ. अपराजिता पटनायक ने ESG (पर्यावरण, सामाजिक और प्रशासन) और स्थिरता पर एक सत्र आयोजित किया, जो कॉर्पोरेट रिपोर्टिंग और अनुपालन में तेजी से महत्वपूर्ण हो रहा है। CMA CS सतीश तवानिया ने अप्रत्यक्ष कराधान और ई-फाइलिंग के महत्व को समझाया, जो GST, अनुपालन और नियामक रिपोर्टिंग में कार्यरत CMAs के लिए अनिवार्य है।
दिन 4 (20 मार्च 2025): डॉ. अभिषेक चक्रवर्ती द्वारा समन्वित मॉक ग्रुप डिस्कशन से टीमवर्क और विश्लेषणात्मक कौशल का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त हुआ, जो प्रबंधकीय भूमिकाओं के लिए आवश्यक है। डॉ. अंजना शेखर के सत्र ने CV लेखन और ड्राफ्टिंग पर फोकस किया, जिससे CMAs की रोजगार क्षमता बढ़ी।
दिन 5 (21 मार्च 2025): डॉ. सुनील कुमार ने उन्नत एक्सेल, ERP सिस्टम और डेटा प्रेजेंटेशन कौशल (हिस्टोग्राम, पाई चार्ट, बार डायग्राम) पर प्रशिक्षण दिया, जो वित्तीय विश्लेषण और रिपोर्टिंग के लिए महत्वपूर्ण है। डॉ. जुडिथ गोम्स ने Power BI और Canva जैसे उपकरणों को प्रस्तुत किया, जो डेटा विज़ुअलाइज़ेशन और वित्तीय रिपोर्टिंग में सहायता करते हैं।
दिन 6 (22 मार्च 2025): CMA शशि रंजन ने प्रत्यक्ष कराधान (डायरेक्ट टैक्सेशन) पर ध्यान केंद्रित किया, जो कर अनुपालन और सलाहकार भूमिकाओं में CMAs के लिए आवश्यक है। डॉ. चैताली चौधरी ने एआई-संचालित डेटा एनालिटिक्स पर चर्चा की, जो वित्तीय डेटा के विश्लेषण और निर्णय लेने के लिए एक उभरता हुआ कौशल है।
दिन 7 (23 मार्च 2025): CMA CS CA अलंकार ने लागत और वित्तीय प्रबंधन रणनीतियों पर चर्चा की, जिससे CMAs लागत दक्षता और कॉर्पोरेट लाभप्रदता को संचालित कर सकें। डॉ. श्रवण पांडे ने भावनात्मक बुद्धिमत्ता और कार्य-जीवन संतुलन पर सत्र लिया, जो करियर की दीर्घकालिक सफलता के लिए आवश्यक है।
दिन 8 (24 मार्च 2025): CMA CS CA शरद कंकानी ने दिवालियापन और दिवालियापन संहिता (IBC) और मूल्यांकन पर प्रकाश डाला, जो कॉर्पोरेट पुनर्गठन और वित्तीय परामर्श में कार्यरत CMAs के लिए महत्वपूर्ण है। CMA अनमोल चौबे ने करियर के विभिन्न अवसरों, स्वतंत्र प्रैक्टिस और नौकरियों पर चर्चा की।
दिन 9 (25 मार्च 2025): CMA दीनोमणि नायक ने ग्राहक उन्मुखता, वार्ता कौशल और राष्ट्रीय व अंतर्राष्ट्रीय घटनाओं पर चर्चा की, जो कॉर्पोरेट क्लाइंट्स से निपटने और उद्योग की जानकारी बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण है। डॉ. अभिषेक चक्रवर्ती ने व्यक्तित्व विकास पर जोर दिया, जो नेतृत्व भूमिकाओं के लिए महत्वपूर्ण है। CMA CS CA अलंकार ने SAP – FICO का महत्व समझाया।
दिन 10 (26 मार्च 2025): CA प्रवीण बाफना ने कॉर्पोरेट कानून, लागत ऑडिट, आंतरिक ऑडिट, फोरेंसिक ऑडिट और सूचना प्रणाली सुरक्षा ऑडिट पर जानकारी दी, जो CMA पेशे के लिए आवश्यक हैं। डॉ. सत्य वर्धन तिवारी ने उद्यमिता और कौशल विकास पर चर्चा की।
दिन 11 (27 मार्च 2025): मॉक इंटरव्यू सत्र, जिसका समन्वय डॉ. मीनल शाह और श्रीमती श्रद्धा गुप्ता ने किया, ने प्रतिभागियों को उद्योग पैनलों का सामना करने का प्रत्यक्ष अनुभव प्रदान किया। पैनल में प्रमुख उद्योग पेशेवरों ने भाग लिया और मूल्यवान प्रतिक्रिया दी।
निष्कर्ष: 12-दिवसीय ओरिएंटेशन प्रोग्राम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ, जिसमें 44 युवा CMAs को आवश्यक कौशल और उद्योग ज्ञान प्रदान किया गया। यह पहल अकादमिक शिक्षा और व्यावसायिक आवश्यकताओं के बीच की खाई को पाटने में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुई। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों को उनके भविष्य के प्रयासों के लिए शुभकामनाएँ दी गईं। छात्रों को उनकी मेहनत और समर्पण के लिए पदक और CMA संस्थान का स्कार्फ प्रदान किया गया। उनकी ईमानदारी और कड़ी मेहनत की सराहना की गई और उनके माता-पिता को भी उनके समर्थन और प्रेरणा के लिए बधाई दी गई।

समापन समारोह: कार्यक्रम का समापन CMA सुषमा सिंह द्वारा वैलेडिक्टरी एड्रेस (Valedictory Address) के साथ हुआ, जिसमें उन्होंने इस पहल की सफलता और इसके प्रभाव पर प्रकाश डाला। उन्होंने इस कार्यक्रम को सफल बनाने में योगदान देने वाले सभी विशेषज्ञों, संकाय सदस्यों और प्रतिभागियों का धन्यवाद ज्ञापित किया। CMA सुषमा सिंह ने विशेष रूप से CMA अरिंदम गोस्वामी (ICMAI-WIRC चेयरमैन), डॉ. अरुण अरोड़ा (प्रिंसिपल, BIT दुर्ग), CMA (डॉ.) संतोष राय (डायरेक्टर, प्रोफेशनल करियर एंड कंप्यूटर्स), CMA श्रीनिवासन गणेशन (पूर्व निदेशक वित्त, साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड) और BIT दुर्ग के प्रबंधन विभाग के सभी संकाय सदस्यों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने सभी प्रशिक्षकों और अतिथियों को उनके बहुमूल्य समय और मार्गदर्शन के लिए धन्यवाद दिया। इस अवसर पर, छात्रों ने भी अपने अनुभव साझा किए और कार्यक्रम से मिली सीख को उजागर किया। यह कार्यक्रम BIT दुर्ग और ICMAI-WIRC के बीच एक मजबूत साझेदारी की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।

Latest news
Related news

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here